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vaayu pradushan Book

  अनुसंधान की आवश्यकता                 वायु प्रदूषण के बिषय में अनुसंधानों की आवश्यकता केवल पाँच बातों के लिए होती है | एक तो वायुप्रदूषण  बढ़ने के वास्तविक कारण खोजे जाएँ | दूसरे वायुप्रदूषण बढ़ेगा कब इसके बिषय में सही पूर्वानुमान लगाया जाए |तीसरा प्रतिबंधों को लगाने से क्या वास्तव में वायु प्रदूषण कम होता है | चौथा वायुप्रदूषण बढ़ने से क्या वास्तव में संक्रमण (रोग) बढ़ता है |पाँचवाँ वायु प्रदूषण बढ़ने की प्रक्रिया क्या वास्तव में मनुष्यकृत ही है |इसके लिए प्राकृतिक परिस्थितियाँ तो जिम्मेदार नहीं हैं |      इन पाँचों प्रश्नों के उत्तर खोजने के लिए मैं विगत 35 वर्षों से प्राचीन एवं आधुनिक विज्ञान के संयुक्त अध्ययन के आधार पर अनुसंधान करता आ रहा हूँ | उससे जो अनुभव प्राप्त हुए हैं वो हमारी बौद्धिक संपदा है | उसे तब तक उद्घाटित करना उचित नहीं होगा जब तक किसी निश्चित निष्कर्ष पर न पहुँच  जाया जाए |इससे प्राप्त परिणाम यदि वायु प्रदूषण संबंधी रहस्य को समझने एवं इस संकट का समाधान खोजने में सहायक हो सकें तो उसके लि...
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महामारी और रिसर्च (कौन रिसर्च कहाँ तक पहुँचा )ho raha samaaj

                                                                                                           महामारी : विज्ञान के अभाव में असफल हो रहे  अनुसंधान !      अनुसंधानों के लिए महँगे महँगे संयंत्र ख़रीदे जाते हैं| अनुसंधान कार्यों पर अनुसंधानकर्ताओं पर भारी भरकम  धनराशि खर्च की जाती है | अनुसंधान के लिए जुटाए जाने वाले संसाधनों पर भारी भरकम धनराशि खर्च की जाती है | ये सारा व्यय भार जो जनता वहन करती है | प्राकृतिकआपदाओं एवं महामारियों से यदि उस जनता की ही सुरक्षा नहीं की जा सकी | उसे प्राकृतिक संकटों से यदि उसीप्रकार से जूझना  पड़ता रहा जैसे बिना अनुसंधानों के  जूझना पड़ता है  तो जनता के हित में ऐसे अनुसंधानों का औचित्य ही क्या बचता  है | अनुसंधानों की सार्थकता तभी है जब जिस...